लखनऊ-बलिया राजमार्ग पर पेड़ गिरने से 3 घण्टे बाधित रहा आवागमन
डाॅ. प्रदीप दूबे
सुइथाकला, जौनपुर। स्थानीय क्षेत्र में पिछले 48 घंटे से जारी बारिश और तेज हवा से शनिवार को जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। लखनऊ-बलिया राजमार्ग समेत कई ग्रामीण मार्गों पर पेड़ गिरने से आवागमन बाधित रहा। कई गांवों में विद्युत आपूर्ति भी प्रभावित होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं लगातार बारिश से धान की तैयार अगेती फसल को लेकर किसानों की चिंता बढ़ गई है।
बताया गया कि शनिवार को अरसिया मोड़ के पास लखनऊ-बलिया राजमार्ग पर तेज हवा के चलते विशाल पेड़ सड़क पर गिर गया। इससे राजमार्ग पर करीब तीन घंटे तक आवागमन बाधित रहा। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। सूचना पर पहुंचे वन विभाग के तेज बहादुर सिंह समेत स्थानीय लोगों ने कड़ी मशक्कत कर पेड़ की डालियों को काटकर सड़क से हटाया जिसके बाद आवागमन बहाल हो सका। इसी तरह पट्टी नरेंद्रपुर-सरपतहा मार्ग, गैरवाह गांव समेत कई ग्रामीण मार्गों पर पेड़-पौधे गिरने से आवागमन और बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई। 24 घण्टे बीत जाने के बाद भी क्षेत्र में विजली आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई है।
बारिश से धान की तैयार अगेती फसल के गिरने से किसानों को नुकसान की आशंका है। गैरवाह निवासी किसान वीरेंद्र सिंह ने बताया कि तीन बीघे धान की फसल गिरकर बर्बाद हो गई है। लालापुर निवासी सुरेश पांडेय ने कहा कि बारिश से जनजीवन पूरी तरह प्रभावित है। सलेमपुर के ग्राम प्रधान उमाशंकर यादव ने बताया कि बिजली न रहने से मोबाइल तक चार्ज करना मुश्किल हो गया है।
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