आदेश— समस्त स्कूली वाहनों के प्रपत्र दुरूस्त करायें, अन्यथा होगी कड़ी कार्यवाही
स्कूल बस चालकों का चरित्र सत्यापन एवं स्वास्थ्य परीक्षण अनिवार्य: जिलाधिकारी
जौनपुर। जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन. की अध्यक्षता में जिला विद्यालय यान परिवहन सुरक्षा समिति की बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में हुई जहां उन्होंने कहा कि सभी विद्यालयों में संचालित वाहनों के चालकों का चरित्र सत्यापन एवं स्वास्थ्य परीक्षण अनिवार्य रूप से कराया जाय। इसके लिए थानावार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये। उन्होंने विद्यालयों में स्थापित सीसीटीवी कैमरों को क्रियाशील रखने के निर्देश दिये। उन्होंने बच्चों को गुड टच एवं बैड टच के संबंध में जागरूक एवं प्रशिक्षित कराने को कहा। सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी को निर्देशित किया कि जिन विद्यालयों के स्कूली वाहनों के परमिट, फिटनेस अथवा अन्य आवश्यक प्रपत्र सही नहीं हैं, उन विद्यालयों में नोटिस चस्पा की जाए। इसके बाद भी वाहनों के दस्तावेज दुरुस्त न पाए जाने पर संबंधित विद्यालय के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाय।
बैठक में शासन द्वारा विकसित स्कूल वाहन निगरानी पोर्टल पर दर्ज वाहनों के प्रपत्रों एवं उनकी स्थिति की भी समीक्षा की गई। पोर्टल का उद्देश्य विद्यालय परिवहन व्यवस्था की निगरानी, वाहनों का सत्यापन तथा निर्धारित सुरक्षा मानकों का अनुपालन सुनिश्चित करना है। पोर्टल पर उपलब्ध विवरण के अनुसार जनपद में 68 स्कूली वाहनों की फिटनेस फेल पायी गयी है। सभी विद्यालय प्रबंधकों एवं प्रधानाचार्यों को निर्देशित किया कि ऐसे वाहनों की फिटनेस तत्काल दुरुस्त कराई जाय। विद्यालय प्रबंधकों एवं प्रधानाचार्यों को विद्यालय स्तर पर विद्यालय यान परिवहन सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित करने, वाहन चालकों का चरित्र सत्यापन एवं स्वास्थ्य परीक्षण कराने तथा इसकी प्रगति रिपोर्ट जिला विद्यालय निरीक्षक अथवा जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। स्पष्ट किया कि निर्धारित मानकों का अनुपालन न करने वाले विद्यालयों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही की जायेगी।
जिलाधिकारी ने यह भी निर्देशित किया कि सभी विद्यालय वाहन निर्धारित गति सीमा में ही संचालित हों। वाहन संचालन के समय चालक मोबाइल फोन का प्रयोग न करें। स्कूली बसों का रंग निर्धारित मानकों के अनुरूप पीला हो तथा वाहन के अग्र एवं पश्च भाग पर ‘विद्यालय बस’ एवं विद्यालय का नाम स्पष्ट रूप से अंकित हो। प्रत्येक स्कूली बस में स्पीड लिमिट डिवाइस, फर्स्ट एड बॉक्स एवं अग्निशमन यंत्र अनिवार्य रूप से उपलब्ध रहें। विद्यालय स्तर पर विद्यालय सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित कर उसकी कार्यवृत्ति पोर्टल पर अपलोड कराने के निर्देश दिये गये।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) परमानन्द झा, मुख्य राजस्व अधिकारी अजय अम्बष्ट, सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) सत्येन्द्र सिंह, जिला विद्यालय निरीक्षक देवेन्द्र सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. समीर, यात्री/माल कर अधिकारी प्रमोद कुमार, सम्भागीय निरीक्षक (प्राविधिक) अशोक यादव, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका धर्मराज राम, यातायात निरीक्षक मनोज पाण्डेय सहित समिति के सदस्यों के साथ जनपद के विभिन्न विद्यालयों के प्रबन्धक, प्रधानाचार्य, जनपद के विभिन्न विद्यालयों के प्रबन्धक, प्रधानाचार्य आदि उपस्थित रहे।
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