जौनपुर। शासन की मंशानुरूप एवं जिलाधिकारी के निर्देशानुसार महिला कल्याण विभाग द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं एवं बेटियों को सशक्त बनाने तथा उन्हें शासन द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के उद्देश्य से नगर क्षेत्र स्थित प्राथमिक विद्यालय, हैदरगढ़ परिसर में जागरूकता एवं प्रचार-प्रसार कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में उपस्थित महिलाओं, किशोरियों एवं ग्रामीण नागरिकों को महिला कल्याण विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। विभागीय समन्वयकों ने कहा कि शासन का उद्देश्य प्रत्येक पात्र महिला एवं बालिका तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना तथा उन्हें आत्मनिर्भर एवं सशक्त बनाना है। उन्होंने उपस्थित महिलाओं से अपील की कि वे योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर उनका अधिकाधिक लाभ उठाएं तथा अन्य जरूरतमंद महिलाओं को भी इनके प्रति जागरूक करें।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए बताया गया कि इस योजना के अंतर्गत बालिका के जन्म से लेकर उसकी उच्च शिक्षा (कक्षा 12वीं, डिप्लोमा अथवा स्नातक स्तर) तक विभिन्न चरणों में आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। योजना की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया एवं आवश्यक अभिलेखों के संबंध में भी विस्तृत जानकारी दी गई। इसके अतिरिक्त निराश्रित महिला (विधवा) पेंशन योजना के अंतर्गत पति की मृत्यु के उपरांत आर्थिक रूप से असहाय एवं निराश्रित महिलाओं को प्रदान की जाने वाली मासिक पेंशन की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया तथा आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी देकर अधिक से अधिक पात्र महिलाओं को योजना का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना की भी जानकारी दी गई। बताया गया कि ऐसे बच्चे जिन्होंने अपने माता-पिता अथवा परिवार के कमाऊ अभिभावक को खो दिया है, उन्हें इस योजना के माध्यम से भरण-पोषण, शिक्षा एवं अन्य आवश्यकताओं हेतु वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जाती है। महिलाओं एवं बच्चों की सुरक्षा के दृष्टिगत महिला हेल्पलाइन-181 तथा चाइल्ड हेल्पलाइन-1098 के संबंध में भी विस्तार से जानकारी दी गई। उपस्थित लोगों को बताया गया कि घरेलू हिंसा, उत्पीड़न, बाल संरक्षण अथवा किसी भी आपात स्थिति में इन टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबरों का तत्काल उपयोग कर सहायता प्राप्त की जा सकती है। अंत में उपस्थित महिलाओं एवं ग्रामीणों से शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाने तथा समाज में महिला सुरक्षा, सम्मान एवं सशक्तिकरण के प्रति जागरूकता फैलाने का आह्वान किया गया।
.jpg)









